Thursday, 27 November, 2008

फीका के कार्टून

आज राजस्थान पत्रिका के कार्टूनिस्ट, भाई अभिषेक के ब्लॉग पर पाकिस्तान के मशहूर कार्टूनिस्ट फीका को देखा तो फीका के वो कार्टून याद आ गए जिनकी तस्वीरें मैं कराची से 2005 में अपने साथ लाया था। दोस्तों के लिए पेश है कुछ कार्टून फीका के... यहाँ आप हम दोनों को भी देख सकते हैं। वक्त आधी रात के करीब। यहाँ कुछ देर और गला तर करने के बाद हम कराची प्रेस क्लब में खाना खाने गए थे। जहाँ फीका के जुबानी नश्तरों के आगे सब खामोश थे...



















इस चुनावी दौर में

चुनावों का भी अपना मजा है, किसी को छेड़ के देख लीजिये, भाजपाई हो या कांग्रेसी या कोई भी. ज़रा उनके प्रतिकूल बोल के देखें आपके कपड़े फाड़ देंगे आजकल. एक दिन हमने शर्माजी से मजे लेने के लिए चर्चा छेड़ दी कि इस बार तो प्रदेश में रानी-राज का खत्म हो गया. वो पहले संभले फ़िर बोले आप लोग अच्छे लोगों को राज नही करने देना चाहते. एक मनमौजी ने कहा, शर्मा जी हम आपको सत्ता सौंप देंगे लेकिन इनको नही.शर्मा जी बोले मेरे में और उन में क्या फर्क है?दिलजले ने कहा, शर्मा जी हम आपकी इज्ज़त करते हैं लेकिन अगर आप ग़लत करो तो उतार भी सकते हैं. लेकिन जिनकी नही करते उनको क्यों और कब तक सहन करें? शर्मा जी समझ गए यह छोकरा तो पूरी तरह से 'राज बदल कर दम लेगा'।

और सुच बात तो यह है दोस्तों कि पूरे प्रदेश में सामंतशाही के ख़िलाफ़ एक ज़बरदस्त माहौल है जिसे समझ पाना चुनावी पंडितों के बस की बात नही है। जो भी हो असली फ़ैसला तो 8 दिसम्बर को ही होगा। और उस दिन शायद राजपूताने में मराठा-राज का खात्मा हो जायेगा.